21 अगस्त 2008
आईबीएन-7
मुम्बई। राज ठाकरे की पार्टी महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) ने दुकानदारों को अल्टीमेटम दिया है कि वे 28 अगस्त तक अपनी दुकानों की तख्तियां मराठी में लिखवा लें, अन्यथा उनके खिलाफ मुहिम तेज की जाएगी।
पढ़ें:- मुम्बईकर नहीं तो इलाज महंगा? दादर में शिवसेना भवन के पास मनसे ने एक पोस्टर लगाकर दुकानदारों को यह चेतावनी दी है। राज ठाकरे ने दुकानों में अंग्रेजी सहित अन्य भाषाओं में लगी तख्तियों का विरोध किया था।
पढ़ें:- महाराष्ट्र के स्कूलों में मराठी जरूरी हो: राज
उनका कहना है कि सभी दुकानों में मराठी भाषा में तख्तियां लगाई जानी चाहिए। राज ठाकरे ने इसके लिए 28 अगस्त की समयसीमा तय की थी।
पढ़ें:- पहले मराठी छात्रों को दाखिला दोः मनसे चूंकि अब इस समयसीमा में सिर्फ 7 दिन शेष रह गए हैं, इसलिए माहौल को गरमाने के लिए दादर में इस तरह का पोस्टर लगाया गया है।
पढ़ें:- ‘मत खरीदो उत्तर भारतीयों से आम’ राज ठाकरे की नजर राज्य में होने वाले अगले विधानसभा चुनावों की तरफ लगी हुई है। वे कोई भी मुद्दा उठाकर मराठी भाषियों को अपनी तरफ आकर्षित करना चाहते हैं।
पाठकों की राय 22 नवम्बर 2008
Sep 12, 2008
राज को बता दें आप लोग की अगर एक बार भी उत्तरप्रदेश
या बिहार चले गये तो सर पर इतने जूते पड़ेंगे की एक भी
बाल नहीं बचेंगे शरीर पर एक एक नोच लिए जाएँगे ओर ओ एक बाप का बेटा हैं तो मुंबई से बाहर जा के दिखा फिर मय जानूँगा की ओ एक बाप का
बेटा हैं उसको इतना मरूंगा की ओ अपन नाम तक नही याद रहेगा बस एक बार बाहर आजा
बेटा
Sarkar Raj Delhi
Sep 08, 2008
राज ठाकरे को तो ठोक ठोक कर उसका भूर्ता बना कर पूरे इंडिया मे परोसना चाहिए, ताकि वो अमर हो जाए. और मे तो उसके भूरते के नाम पे एक रेस्तौरेंट खोलना चाहता हूँ ताकरे का भूर्ता रेस्तौरेंट. ही ही ही :-)
vikram singh tomar gwalior
Aug 28, 2008
राज ठाकरे को बहुत मारना चाहिए, उसके बच्चे ख़ुद एंगलिश स्कूल मे पढ़ने जाते है , मराठी माध्यम मे नही पढ़ा सकता है, सब बंद कराओ एंगलिश स्कूल , किसी दिन हमारे उ प मे मिल गया तो पूरे उ प मे नंगा घुमाएगे : उप एकता ज़िंदाबाद :
R. Maurya Mumbai
Aug 28, 2008
भारत में जब तक घटिया नेता लोग जन्म लेते रहेंगे तब तक राज ठाकरे जैसे बेवकूफ सड़क छाप लोग पैदा होते रहेंगे। सरकार को इन्हे फांसी दे देनी चाहिये।
गुलाब, कोंडागांव
shyamji konta
Aug 22, 2008
दोस्त बहुत लोग देखे है जो मराठी का अपमान करते है और वो भी मुंबई मे! मे सोचता हू की यहसे शरद पवार और राज ताकरे जैसे नेताओ को अगर उत्तेर प्रदेश और बिहार मिल गया तो लालू और मुलायम से बहुत आचा करेगे! मेरी सोच आपको ग़लत लगेगी लेकिन .......... और अपनी भाषा जे साथ दूसरोका भी आदर करना चाहिए! मिले सुर मेरा तुम्हारा हिंद
TrueImigrants mumbai
Aug 21, 2008
मराठी सीखने में कोई बुराई नहीं है पर इंडिया में हिटलर का राज नहीं है..इंडिया एक लोकतांत्रिक देश है यहां लोगों को आज़ादी है की वो कोई भी धर्म और भाषा अपना सकते हैं..तो ये राज जैसे कौन होते हैं आम लोगों को धमकाने वाले?
me marathi mumbai
Aug 21, 2008
जहां की खाते हो वहां की भाषा सीखने और बोलने में क्या मुसीबत है! एक बिहारी के नाते मुझे लगता है की हमें लालू, मुलायम नेताओं की वजह से हमारा घर छोड़ना पड़ा है! ज़रा सोचो अगर महाराष्ट्र नहीं होता तो? अगर हम मुंबई में रहना चाहते है तो लालू और मुलायम या कोई भी उत्तर भारतीय नेता का साथ मत दो! मराठी सीखो सीखनी ही पड़ेगी! मराठी लोगो के हौसले बुलंद होते है!
TrueImigrants mumabi
Aug 21, 2008
अनेकता में एकता का राग अलापने वाले भरता देश " मेरा भारत महान". हमारे देश में फूट डालने और अपना उल्लू सीधा करने मे लगे हमारे देश के नेताओं को और कोई मुद्दे की क्या ज़रूरत है. सच तो ये है की हम जनता ही ग़लत है जो इनके बहकावे मे आ जातें है. में तो सिर्फ़ भगवान से पूजा करता हूँ की हमारे देश को नेता की ज़रूरत ही नही है. इन सबको उपर बुला लो. सब के सब महाचोर और गीरे हुए है. इनको देश में भलाई और उन्नति का कोई और काम ही नही सूझता है. सब जगह मार पिट और दंगे करते रहते है.
sanju pune
Aug 21, 2008
राज को बता दें आप लोग की अगर एक बार भी उत्तरप्रदेश या बिहार चले गये तो सर पर इतने जूते पड़ेंगे की एक भी बाल नहीं बचेंगे शरीर पर एक एक नोच लिए जाएँगे !!!!!
Abhishek Mumbai
Aug 21, 2008
राज ताकरे एक पागल नेता है
इसे ड्वा की ज़रूरत है
Anil jha New delhi
Aug 21, 2008
राज जैसे लोगो को राजनीति से खेलने का कोई अधिकार नही किसी क़ानून की किताब मे ये नही लिखा है की आप किसी चुनिंदा भाषा मैं अपना बोर्ड लगना है | ये सब सिर्फ़ वोट पाने का तरीक़ा है लोग सिर्फ़ अपना भला चहते है इन्हे देश की कोई चिंता नही है ये लोग देश का वातावरण ख़राब करते हैं|इन्हे एक चम्मच भर पानी मे नाका डुबो कर जान दे देना छ्ीए जो देश की शांति भंग करते हैं
anil civil coloney jabalpur(m.p)
Aug 21, 2008
फूलोंकि कहानी लिखी बहारोने, रात की कहानी लिखी सितारोने, मराठा नही किसी का मोहताज़ क्यों की मराठा की कहानी लिखी उनकी तलवारोने, और राज जी हर भाषा को लिख रहे है मराठी में. " दिल से बोलो म न से "
Sachin Sapkal Nasik, Maharashtra
Aug 21, 2008
अपने को फ़्रीडम फाईतर लिखता है और काम देश द्रोही का करता है
aks bihar
Aug 21, 2008
राज ठाकरे पगला गया है. उसको पागलख़ाने भेज दो. वरना उसके साथ साथ उसके समर्थक भी पगला जाएँगे. लगता है उसका दिमाग़ पूरी तरह से कुत्ते का दिमाग़ हो गया है, क्योंकि अब वो आदमी की तरह से बात करता ही नही है, सिर्फ़ पागल कुत्ते की तरह भौंकता है. राज ठाकरे कुत्ता है जो आगे जाकर किसी को भी काटेगा. इस कुत्ते से सावधान..
Raj Shinde Mumbai
Aug 21, 2008
राज ताकरे कुछ ग़लत नही कर रहे. कश्मीर मे जो पाकिस्तान वादी परिबल है वोह क्या कर रहे है. ये तो आज नही तो कल हर राज्य हर प्रांत मे होगा. क्यूंकि सरकार की नीतिया ही आपस मे लडांने का काम करती है. पहले हिंदू को अमरनाथ के लिए जा दी और वापस ले ली. ?????????????? सोचिए चुनाव नज़दीक आ रहे है. जो आम आदमी की ज़रूरत सरकार नही जानती तो भविष्य मे संगर्ष तो होगा ही. अब देखिए सरकारी कर्मचारी की तंखा बढ़ाए तो क्या सामान्य इंसान की ज़रूरत सरकारी कर्मचारी से काम होगी. मज़दूरो का क्या हाल होगा.
Desh Premi MEHSANA
Aug 21, 2008
राज को समझना चाहीए ये हिंदुस्तान एक गुलस्तान है जहाँ हर टर के फूल खिलते हैं , येह देश दुनिया को अनेकता मैं एकता का पाठ पढ़ता है. सिर्फ़ अपनी राजनीति लाभ के लिए मुंबई को इस तरह के आग मैं झोंगना अच्छी बात नहीं है, इस से देश के टूटने का ख़तरा है . इस बात को मराठी भाइयों को समझना चाहीए और आने वाले चूनोव मैं राज को सबक सीखा देना चाहेया.
भारत ज़िंदाबाद.
desh ka lal delhi
Aug 21, 2008
राज जवानी मे ही साठिया गया है.
Birendra bangalore
Aug 21, 2008
राज ठाकरे को तो पकड़कर पब्लिक में जूते मारने चाहिए...इंडिया में आम लोगो के बीच में झगड़े करवाता है...
indian mumbai
Aug 21, 2008
राज को पागलखाने में भेज दिया जाए...मुंबई पर हर एक भारतवासी का अधिकार है..
Naveen Jain Jabalpur
Aug 21, 2008
अँग्रेज़ी मे शिक्षा महात्मा गाँधीजी, सावरकर जी, अम्बेडकरजी और भी कई लोगों ने आज़ादी से पहले ली थी, इसका मतलब ये नहीं कि उन्हें अपनी भाषा प्रिय नहीं थी...जिस प्रकार इन महान लोगों ने अपनी मंज़िल पाने के लिए सही रास्ते का उपयोग किया था ठीक उसी प्रकार राजजी ने भी अपनी मंज़िल पाने के लिए सही रास्ते का उपयोग करना चाहिए...
Sameer P Deshpande Nasik, Maharashtra
Aug 21, 2008
ऐसा लगता है की राज ठाकरे महाराष्ट्र को भारत से अलग करना चाहते हैं। उन्हें पूरे देश से कोई मतलब नही है। वो सिर्फ़ महाराष्ट्र को अलग करके वहा का प्रधानमंत्री या मुख्यमंत्री बनना चाहते हैं। कुल मिलाकर वह देश हित में कम स्वहित में ज्यादा प्रयासरत हैं। जनता को उनकी भड़काऊं भासन पर ध्यान नही देना चाहिए। भारत सरकार को उन पर कड़ी नज़र रखनी चाहिए ताकि वह कोई ऐसा काम न कर सकें जो राष्ट्र के हित में न हो।
...मेरी आवाज
हत्तप://मेरी-आवाज़/
Meri Awaj India
Aug 21, 2008
राज ठाकरे पागल हो गया है, उसका मानसिक संतुलन बिगड़ ग्या है....मनोचिकित्सक से जाँच करवानी पड़ेगी...
kusum negi Delhi
Aug 21, 2008
राज, आप तो एक अच्छे इंसान है, लेकिन आपको अपने देश के क़ानूनों को देखते हुए चलना चाहिए। देश के किसी भी कोने में रहना भारतीय नागरिक का आधिकार है..हमारी मातृ भाषा को नकार नहीं सकते...
kamlesh Pande Bhadval , Rajsthan
Aug 21, 2008
अब एक बात बिल्कुल साफ़-2 कर लेनी चाहिए, या तो देश के टुकड़े कर हर राज्य का अलग देश बना दो (कोई केंद्र सरकार नहीं) या उनके टुकड़े कर दो जो देश को क्षेत्रीय आधार पर तोड़ने का जहर फैला रहे हैं, फिर चाहे वो कोई मेरे आपके जैसा आम आदमी हो या रवि नायक और राज ठाकरे जैसा कोई नेता...
sharad saxena panipat
Aug 21, 2008
राज ठाकरे जो कर रहे हैं वो तो सरकार को करना चाहिए था और मराठी में बोर्ड लगाना क़ायदे के हिसाब से ज़रूरी है...अगर सरकार ये काम नहीं कर रही है तो राज ठाकरे यह काम कर रहा है...
sunil zore mumbai
Aug 21, 2008
चूंकि अब इस समयसीमा में सिर्फ 7 दिन शेष रह गए हैं, इसलिए माहौल को गरमाने के लिए दादर में इस तरह का पोस्टर लगाया गया है...
shiv patel satyapur jalore
Aug 21, 2008
राज साहेब का नाम नाराज़ ताकरे हो तो सही होगाई.
देस को एक करने वालो की आज कमी हो गयी है.
amit Pune
Aug 21, 2008
कोई उसको डॉकटर के पास ले जाओ....
Kalpesh baroda
Aug 21, 2008
लगता है ये हिंदू आतंकवादी देश का इसी तरहा एक और विभाज़न करेगे...
freedom fighter jaipur
Aug 21, 2008
राज ठाकरे ये बिलकुलगलत ग़लत कर रहे हैं, मुंबई देश का एक महत्वपुर्णा टौरिस्ट प्लसे हा, इस तरह से तो बाहर से आने वाले लोगो को काफ़ी परेशानी होगी...
mohammed emtiyaz korba
Aug 21, 2008
ठाकरे परिवार तो "देशभक्त" है, आतंकवादी तो मुस्लिम और सिमी है
Akhlaq Husain Indore