18 अगस्त 2008
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस
वाशिंगटन। अमेरिका में किए गए एक सर्वेक्षण के अनुसार महाविद्यालयों और विश्वविद्यालयों के आधे से अधिक छात्रों के मन में जीवन में कम से कम एक बार खुदकुशी का विचार अवश्य आता है। इस तथ्य को छात्रों ने भी स्वीकार किया।
पढ़ें: क्या है आत्महत्या का रहस्य? 70 महाविद्यालयों और विश्वविद्यालयों के करीब 26 हजार छात्रों पर कराए गए सर्वेक्षण के अनुसार इनमें से 15 फीसदी छात्रों ने आत्महत्या के बारे में गंभीरतापूर्वक सोचा, जबकि पांच प्रतिशत से अधिक ने जीवन में कम से कम एक बार आत्महत्या की कोशिश की।
यह अध्ययन वर्ष 2006 के शुरू में किया गया और इसमें कालेज छात्रों में आत्मघाती सोच और व्यवहार के बारे में सूचनाएं एकत्रित की गई। सर्वेक्षण कालेज परिसरों के काउंसलिंग प्रमुखों और आत्महत्या विज्ञान के दो विशेषज्ञों की मौजूदगी में किया गया।
पढ़ें: छात्रों को बर्बाद करते मोबाइल, इंटरनेट इस सर्वेक्षण से 12 महीने पहले की अवधि में गैर-स्नातक के छह फीसदी और स्नातक के चार फीसदी छात्रों ने आत्महत्या के बारे में गंभीरता से विचार किया। सर्वेक्षण के अनुसार छात्रों में आत्महत्या का विचार आने का प्रमुख कारण भावनात्मक व शारीरिक पीड़ा से मुक्ति, रोमांटिक संबंधों में समस्या और शैक्षणिक स्तर पर आने वाली समस्या रही।